डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। फीफा अंडर-17 विश्व कप में भारतीय फुटबाल टीम का हिस्सा रहे और कई अंतर्राष्ट्रीय टूर्नामेंटों में भारत का प्रतिनिधित्व कर चुके अनवर अली ने अखिल भारतीय फुटबाल महासंघ (एआईएफएफ) के फैसले को दिल्ली उच्च न्यायालय में चुनौती दी है। एआईएफएफ ने हृदय की गंभीर बीमारी के कारण अनवर के अभ्यास करने पर रोक लगा रखी है। न्यायालय ने अब इस मामले पर सुनवाई के लिए 20 अक्टूबर तारीख मुकर्रर की है।
एआईएफएफ कहना है कि अली उनकी खेल चिकित्सा समिति के समक्ष पेश हो सकते हैं और अपनी राय व अपनी बीमारी की वीडियो दिखा सकते हैं और बैठक अगले 10 दिन में होनी चाहिए। वहीं, फुटबालर अली के वकील ने उच्च न्यायालय के एकल पीठ न्यायाधीश नवीन चावला को बताया कि वह बहुत ही गरीब परिवार से है और फुटबाल ही उनकी आजीविका का साधन है। अली हृदय संबंधित बीमारी एपसियल हाइपरकार्डियो मायोपैथी से पीड़ित हैं।
अली के वकील अमिताभ तिवारी और अभिमन्यु तिवारी ने कहा कि उनका मुव्वकिल 20 वर्षीय फॉरवर्ड अली अंडर-15, अंडर-17 और अंडर-19 में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का प्रतिनिधित्व कर चुके है और वह फीफा अंडर-17 विश्व कप में भारतीय टीम का भी हिस्सा थे। अली की कानूनी टीम ने कहा, हमने एआईएफएफ के उस फैसले को चुनौती दी है, जिसमें उसने सात सितंबर को कोलकाता के मोहम्मडन स्पोटिर्ंग क्लब को पत्र लिखकर निर्देश दिया था कि अली को टीम के साथ अभ्यास की अनुमति नहीं दी जाए जो उनके आजीविका कमाने के मौलिक अधिकरों का उल्लंघन है।
इस पर एआईएफएफ के वकील प्रेमतोश मिश्रा ने कहा कि अली बेहतरीन खिलाड़ी हैं, लेकिन एआईएफएफ इस समय मुश्किल स्थिति में है क्योंकि अगर वह उन्हें खेलने की अनुमति देते हैं तो इससे उनकी जिंदगी का जोखिम बढ़ जायेगा। मिश्रा ने साथ ही अदालत को बताया कि अली को विभिन्न डाक्टरों ने चेक किया और विशेषज्ञ चिकित्सकों की सलाह के बाद उन्हें खेलने की अनुमति नहीं देने का विचार किया गया लेकिन जांच अब भी लंबित है और यह कोई अंतिम फैसला नहीं है।
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Source From
RACHNA SAROVAR
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